...
🌺🌸
✨ आगामी त्यौहार
मधुश्रावणी
📅 अगस्त 2026
और पढ़ें »
📢
आब मेनू के बहुत सरल बना देलगेल अछि, ऊपर में बांया कात तीन लाइन पर क्लिक क अपन पसन्दक सामग्री देखी-पढ़ी सकय छी।

18 जून 2016

अंकुर तपन ताप जदि जारब लिरिक्स - विद्यापति

Ankur Tapan Tap Jadi Jarab Vidyapati Geet

अंकुर तपन ताप जदि जारब कि करब बारिद मेघे। 

ई नव जोबन बिरह गमाओब कि करब से पिया गेहे॥ 

हरि हरि के यह दैब दुरासा। 

सिंधु निकट जदि कंठ सुखाएब के दुर करब पियासा॥ 

चंदन तन जब सौरभ छोड़ब ससधर बरखब आगी। 

चिंतामनि जब निज गुन छोड़ब कि मोर करम अभागी॥ 

साओन माह धन-बिंदु न बरिखब सुरतरु बाँझ कि छाँदे। 

गिरिधर सेबि ठाम नहिं पाएब विद्यापति रहु धाँदे॥ 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

अपन रचनात्मक सुझाव निक या बेजाय जरुर लिखू !

🎵 मैथिली लिरिक्स और देखें »
🪔 पावनि-तिहार और देखें »