घैयला म जे भुर रहत त
तहन पैइन कोना क भरत।
बिकसित देश एखन नय बनल
विकाश सिल देश अछि भारत
ताकी रहल अपन उधारक।
चोर,डकैत, बलात्कारी जे छथि
ओहै होअ छथि आजुक नेता
जनता के जे पैसा खाअ छथि
ओं नय अपन देशक हेता।
साइलेंट मैन अछि देशक मंत्री
इस्त्री के छथि आज्ञा कारी
कटा के अपन मोछ आ दाढी
पैहरैथ छैथ किया ने साड़ी।
मून आब अफुया गेल अछि
देखि के भ्रस्टा चारी नेता
दंड त हुनका भेटवे करतैन
मैर के जहन भगवान घर जेता।

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