अखन तक कोनो पुरान चैट सहेजल नहि अछि।
23 अप्रैल 2014
भालरि मूनि कऽ उघारि कऽ बैसली लिरिक्स - डहकन गीत
भालरि मूनि कऽ
भालरि मूनि कऽ उघारि कऽ बैसली फल्लाँ छिनरो हे
भालरि मूनि कऽ
सात बाल्टी पानि लऽ कऽ दौड़ल आबथि फल्लाँ भइया
आइ भालरि मूनी कऽ दौड़ल आबथि फल्लाँ भइया
आइ भालरि मूनि कऽ उघारिकऽ बैसली फल्लाँ छिनरो हे
भालरि मूनि कऽ
सात पासा साबुन लऽ कऽ दौड़ल अबथिन फल्लाँ भइया
आइ भालरि मूनि कऽ बैसली फल्लाँ बहिनो हे
भालरि मूनि कऽ
सात टा कैंची नेने दौड़ल अबथिन फल्लाँ भइया
आइ भालरि मूनि कऽ जगमूड़न हेतनि हे भालरि मूनि कऽ
भालरि मूनि कऽ उघारि कऽ बैसली फल्लाँ छिनरो हे
भालरि मूनि कऽ
सात टा तौलिया नेने दौड़ल अबथिन फल्लाँ भइया
आइ भालरि मूनि कँ रगड़ि कऽ पोछबनि हे भालरि मूनि कऽ
भालरि मूनि कऽ उघारि कऽ बैसली फल्लाँ छिनरो हे
भालरि मूनि कऽ
शेयर करू
नव पोस्ट
⏳
पुरान पोस्ट
⏳
https://mithiladharohar.blogspot.com/2025/12/joda-mandir-maithili-kavita.html
https://mithiladharohar.blogspot.com/2014/04/blog-post_20.html
❤ अहाँक इहो पसंद आयत:
⏳
Tags:
Dahakan Geet,
Maithili Lokgeet
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
अपन रचनात्मक सुझाव निक या बेजाय जरुर लिखू !