अखन तक कोनो पुरान चैट सहेजल नहि अछि।
13 अप्रैल 2018
दुखियाक दिन बड़ भारी लिरिक्स
Dukhiyak Din Bar Bhari Lyrics
दुखियाक दिन बड़ भारी हे काली मइया
कोखियामे पुत्र नहि, सींथो सिनुर नहि
कोना कऽ दिवस गमायब हे काली मइया
सेर न पसेरी काली, द्वार ने दरबज्जा काली
कथी लए दिवस गमेबइ हे काली मइया
सूरदास प्रभु तोहरे दरस के, सदा रहब रछपाल
हे काली मइया, दुखियाक दिन बड़ भारी
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