अखन तक कोनो पुरान चैट सहेजल नहि अछि।
26 मई 2019
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देखल ने एहन जमाइ गे माइ - लिरिक्स
देखल ने एहन जमाइ गे माइ - लिरिक्स
Dekhal Ne Ehan Jamai Ge Mai Lyrics
देखल ने एहन जमाइ गे माइ
भन-भन भृंग भनकय, सखि हे सह-सह करनि साँप
आगू-पाछू भूत भभूत लए कर,
देखि जिय थर-थर काँप गे माई
देखल ने एहन जमाइ गे माइ
बाघक छालक पहिरन देखल, लटपट बसहा असबार
एक हाथ डिमडिम डामरू बजाबय,
एक हाथ मनुष कपार गे माई
देखल ने एहन जमाइ गे माइ
जटाजूट सिर छाउर लगाओल, गर बीच शोभे रूद्रमाल
देखितहि रूप इहो मैना पड़यली,
सखि सब भेली बेहाल गे माइ
देखल ने एहन जमाइ गे माइ
हरलक मति पुनि मैनाक योगिया, दूरि कएल हुनक गेयान
रामचन्द्र हर ईश सगुन रूप,
जेहि कर वेद बखान गे माइ
देखल ने एहन जमाइ गे माइ
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