गुरुवार, 9 फ़रवरी 2017

जखन जनक हर जोतल जगत आनन्द भेल रे लिरिक्स - सीता जन्म सोहर

Jakhan Janam Har Jotal Jagat Aanand Bhel Lyrics

जखन जनक हर जोतल जगत आनन्द भेल रे। 
ललना, मिथिला के धरती सोगागिन जानकी जनम लेल रे।। 

हरषल दशो दिकपाल सुयश-सुख सरसल रे। 
ललना, जय जय होय चहुओर सुनयना मन तरसल रे ।। 

बहि गेल सरस समीर गगन घहरायल रे। 
ललना, चमकल परम प्रकाश नयन चोहन्हरायल रे ।।

रानी लेल छतिया लजगाय हमर बेटी सुन्दर रे। 
ललना, लतिकासनेह गाबय मंगल राखु हिय अन्दर रे ।।

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