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मिथिला धरोहर | मैथिली पंचांग 2026-27, मैथिली लोकगीत लिरिक्स...

मिथिला धरोहर — मैथिली लोकगीत लिरिक्स, विवाह गीत, मैथिली भगवती गीत लिरिक्स, मैथिली शिव भजन लिरिक्स, भजन, छठ, होली, मधुश्रावणी गीत लिरिक्स। मैथिली पंचांग, विवाह, उपनयन मुहूर्त, मिथिला के मंदिर, लोकदेवता, साहित्यकार परिचय, कथा-कहानी, गोनू झा के कहानी एवं मिथिला संस्कृति से जुड़ी सम्पूर्ण जानकारी।

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19 दिस॰ 2025

तोहर लाल रंग के बिंदिया लिरिक्स - Tohar Lal Rang Ke Bindiya Lyrics

Dil Debai Kono Ek Ke Lyrics

तोहर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल गेलौ
तोहर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल गेलौ
रूप सुन्नर तोहर गढ़ल छौ
रूप सुन्नर तोहर गढ़ल छौ
चाइर चांद लगा के चैल गेलौ

हमर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल एलै
हमर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल एलै
पागल भेल सब ताकय छै
पागल भेल सब ताकय छै
जेना किछु हेरा गेलै
हमर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल एलै
तोहर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल गेलौ

तोहर ठोरक लाली 
कान में झूलौ बाली
पायल के झनकाबैत गोरी
चाइल चलै मतवाली
दिल देबई कोनो एक के
सेहो कुनो नेक के
मंदिर के परसाद छै थोरे
जे बाँईट दियै हर एक के
मातल दिल अब रह नै
कहै में डेरा गेलै
तोहर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल गेलौ
हमर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल एलै

देखि के हमर जुआनी 
आबय छै मुंह मे पानी
तन कम छै बेकाबू सब के
केकर बात के मानी
नैन सं नैन मिला ले
हमरा सं बतिया लेल
राधे ओय में एकटा घायल
आबो अपन बना ले
तोहर मीठा मीठा बतिया
तोहर मीठा मीठा बतिया
दिल के लुभा गेलै
हमर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल एलै
तोहर लाल रंग के बिंदिया 
पूरा इंडिया हिला के चैल गेलौ

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