अखन तक कोनो पुरान चैट सहेजल नहि अछि।
15 मई 2025
Home
/
Maithili Lokgeet
/
Maithili Song Lyrics
/
Sohar Geet Lyrics
/
पिया चलल परदेश कि आओर दूर देश बसु रे लिरिक्स - सोहर गीत
पिया चलल परदेश कि आओर दूर देश बसु रे लिरिक्स - सोहर गीत
पिया चलल परदेश कि आओर दूर देश बसु रे
ललना रे ककरा कहब दिलकेँ बात चढ़ल मास तेसर रे
सासु चलल नइहर ननदी ससुर घर रे
ललना रे घरबामे देओर नादान चढ़ल मास चारिम रे
बाट रे बटोहिया कि भइया कि तोँहि मोर हित बंधु रे
ललना रे नेने जाहि पियाकेँ समाद चढ़ल मास पाँचम रे
अन्न पानि किछु ने मन भावय जिया डोलय पात रे
ललना रे देह जे लागय सरिसों फूल चढ़ल मास छठम रे
डाँर जे उठय कड़-कड़ देह काँपय थर-थर रे
ललना रे उत्पन्न श्री नन्दलाल चढ़ल मास सातम रे
आठम मास जब आयल आठो अंग भारी भेल रे
ललना रे खने-खने चीर ससरि गेल छने-छने पहिरथि रे
नओम मास जब चढ़ल ननदी हरखि बरजु रे
ललना रे हमहूँ तँ लेब नकबेसरि होरिला खेलाएब रे
दसम मास जब आएल होरिला जनम लेल रे
ललना रे जनम लेल श्री नन्दलाल कि गोकुल आनन्द भेल रे
इहो पढ़ब :-
शेयर करू
Newer Article
⏳
Older Article
⏳
https://mithiladharohar.blogspot.com/2025/05/2025-2026-mithila-panchang-2025-26.html
https://mithiladharohar.blogspot.com/2025/12/jeer-san-chhathi-dhani-paatari-lyrics.html
❤ अहाँक इहो पसंद आयत:
⏳
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
अपन रचनात्मक सुझाव निक या बेजाय जरुर लिखू !