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मिथिला धरोहर | मैथिली पंचांग 2026-27, मैथिली लोकगीत लिरिक्स...

मिथिला धरोहर — मैथिली लोकगीत लिरिक्स, विवाह गीत, मैथिली भगवती गीत लिरिक्स, मैथिली शिव भजन लिरिक्स, भजन, छठ, होली, मधुश्रावणी गीत लिरिक्स। मैथिली पंचांग, विवाह, उपनयन मुहूर्त, मिथिला के मंदिर, लोकदेवता, साहित्यकार परिचय, कथा-कहानी, गोनू झा के कहानी एवं मिथिला संस्कृति से जुड़ी सम्पूर्ण जानकारी।

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12 दिस॰ 2015

Maithili Fakra | मैथिली फकरा, मैथिली कहावत, लोकोक्ति संग्रह

मिथिलांचल मे बाजल जाय वला किछु ५० गोट प्रसिद्ध मैथिली फकरा/लोकोक्ति - Maithili Fakra संग्रह। Lokokti, Maithili Kahabat

१. अनेर-धुनेर के राम रखवार

२. अपना लेल लल, गोइठा बीछय चल
३. अन्हा गांव मे कन्हा राजा
४. अनकर धन पाबी त अस्सी मौन तौलाबि
५. ओझा लेखे गाम बताह, गामक लेखे ओझा बताह
६. अघायल बक के पोठी तीत
७. कनियाँ बरक झगड़ा, पंच भेल लबरा
८. कोढिया उठला त भैर घर तमला
९. खस्सी के जान जाय, खेबैया के स्वादे नय
१०. खीरा खा क पेनी तीत

११. घर आंगन भौजी के छलछल करै ननदो
१२. माय करै कुटान-पीसान, बेटा कें नाम दुर्गादत्त
१३. चलय नय आबय त अंगना टेड़
१४. करनी देखियौन मरनी बेर 
१५. चोरक मुंह चान सन
१६. चालनि दूसलैन सूप के जिनका सहस्त्र टा छेद
१७. जखन नंगटे नहायब. तय गाड़ब की
१८. जिदगर कनियां के भैंसुर लोकनिया
१९. पेट बिगेराय मुरही घर बिगारेय बुरही
२०. भोज नै भात, हर हर गीत

इहो पढ़ब :- 

२१. राजा दुःखी प्रजा दुःखी, जोगी के दुःख दूना 
२२. पहिरने ओढने कनियाँ-वर, निपने-पोतने आंगन-घर
२३. तीन तिरहुतिया तेरह पाक, ककरो चुड़ा दही ककरो भात
२४. नर न झर पेटपफूला दिओर
२५. भुसकौल विद्यार्थी के गत्ता मोट
२६. सरल गाय बाभन के दान
२७. सोनरा के सेवने कान दूनू सोन, बनिया के सेवने छजल भरि नून
२८. हरबरी बियाह, कनपट्टी सेनुर
२९. बहिरा नाचे अपने ताले
३०. हर बहय से खर खाय, बकरी खाय अचार

इहो पढ़ब :-

३१. सैंया सँ छुटटी नहि, दिओर मांगे चुम्मा
३२. सब सखी झुमैर खेलै, लूल्ही कहैय हमहूं
३३. बहैय बरद आ हकमैय कुक्कुर
३४. धोबी के कुकुर न घर के न घाट कें
३५. बियाह सं विध् भारी
३६. जेकर बड़की जिलाही तकर छोटकी भारे लागल खाय
३७. सरलौ भुन्ना त रहू के दुन्ना
२८. सस्ता गहूम, घर घर पूजा
३९. माय मरइहैं ध्यिा लेल, ध्यिा मरिहहै ब्याहता सांय ले
४०. ककरो बोर-बोरे नून , ककरो रोटियो पर आपफत

इहो पढ़ब :-

४१. बाप छल पेट में, पूत गेल गया
४२. बाप जनमल अनड़ियाँ मे, बेटा नाम पावर हाउस
४३. बाप के नाम लत्ती फत्ती, बेटा के नाम कदीमा
४४. भुखले मुन परे कोबरक खिड़
४५. सभ धन बाइस पसेरी
४६. नय मारि माछ ने, नय उपछी खत्ता
४७. मूर्खक लाठी, बिच्चे कपार
४८. पैसा नय कौड़ी आ बीच बजार मे दौड़ा-दौड़ी
४९. जुड़ै मियाँ के माँड नैय, माँगय मियाँ ताड़ी
५०. हम चराबी दिल्ली दिल्ली आ हमरा चरबय घरक बिल्ली

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