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मिथिला धरोहर | मैथिली पंचांग 2026-27, मैथिली लोकगीत लिरिक्स...

मिथिला धरोहर — मैथिली लोकगीत लिरिक्स, विवाह गीत, मैथिली भगवती गीत लिरिक्स, मैथिली शिव भजन लिरिक्स, भजन, छठ, होली, मधुश्रावणी गीत लिरिक्स। मैथिली पंचांग, विवाह, उपनयन मुहूर्त, मिथिला के मंदिर, लोकदेवता, साहित्यकार परिचय, कथा-कहानी, गोनू झा के कहानी एवं मिथिला संस्कृति से जुड़ी सम्पूर्ण जानकारी।

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17 फ़र॰ 2026

झुकी जैइयो तनिक रघुवीर लली मोरी छोटी सी लिरिक्स - Jhuk Jaiyo Tanik Raghuveer Lali Meri Chhoti Si Lyrics

lali meri chhoti si lyrics

सखी हे चलियो मिथिला देश
चान तरेगन चमकन लागे
नर नारी मुनि गावन लागे
चान तरेगन चमकन लागे
नर नारी मुनि गावन लागे
देखी सिया राम, राम सिया के
हैत जयमाल जनकसुता के
ठार सिया निहारे नैना

झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी
लली मोरी छोटी सी, छोटी सी रे
सिया मोरी छोटी सी, छोटी सी रे
जूनि करियौ, हो जूनि करियौ
अहाँ किछु धीर
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी

वीरो के वीर मोरे राम रघुवीर
झुकी कोना जेता अवध के सीर
हे यौ, अहाँ सन वीर बर-बर बलवीर
जनक दुअरिया लागल ऐछ भीर

नरम कलैया भार पड़ेना
नरम कलैया,
नरम कलैया भार पड़ेना
नरम कलैया,
मोरी लाली कोनो पीड़ सहे ना
काहे बनोगे वीर,
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी

वीरो के वीर मोरे राम रघुवीर
झुकीको ना जेता अवध के सीर
हे यौ, अहाँ सन वीर बर बर बलवीर
जनक दुअरिया लागल ऐछ भीर

बेरी बेरी विनती करत हैं
बेरी बेरी,
बेरी बेरी विनती करत हैं
पैइया परु तोहे काहे ना सुनत हैं
कहन मानु पाहुन रघुवीर
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी
झुकी जैइयो तनिक रघुवीर 
लली मोरी छोटी सी...।

गायक: जय झा, शिवानी भगत, देव अहिरराव 
लिरिक्स: लव कर्ण, हुक लाइन: पारम्परिक 

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